बृहस्पति 5 सितंबर को शुक्र से सटीक युति करता है। 15 सितंबर की पूर्णिमा सूर्य, बुध और शनि के विरोध में है।

सितम्बर 2027 में नरेंद्र मोदी: विश्लेषण

बृहस्पति 5 सितंबर को शुक्र से सटीक युति करता है, साल के सबसे सुखद गोचरों में से एक, जो गर्मजोशी, सराहना और सद्भावना से जुड़ा है। यूरेनस शुक्र से स्क्वेयर के पास बना रहता है।

15 सितंबर की पूर्णिमा 22° मीन पर, सातवें सौर भाव में, जन्मदिन से एक दिन पहले सूर्य, बुध और शनि के विरोध में पड़ती है: रिश्तों और समझौतों में एक शिखर। गोचर का मंगल 2 सितंबर को वृश्चिक में आता है। 30 सितंबर की अमावस्या तुला में दूसरे भाव में पड़ती है। यूरेनस 15 सितंबर को वक्री होता है।

सितम्बर 2027 में नरेंद्र मोदी की जन्म कुंडली पर गोचर

  • यूरेनस जन्मकालीन शुक्र केंद्र (स्क्वेयर) में पूरे महीने प्रभाव में (1.0° के भीतर) · वक्री यूरेनस जन्मकालीन शुक्र पर, जो रिश्ते, धन और आकर्षण का बिंदु है, अचानक बदलाव, नई सफलताएँ और बेचैनी लाता है। स्क्वेयर ऐसा टकराव लाता है जो कोई फ़ैसला या बदलाव करने पर मजबूर करता है।
  • बृहस्पति जन्मकालीन शुक्र की युति में 5 सितम्बर को सटीक बृहस्पति जन्मकालीन शुक्र पर, जो रिश्ते, धन और आकर्षण का बिंदु है, विकास, अवसर और आत्मविश्वास लाता है। युति सबसे शक्तिशाली संपर्क है: यहाँ एक नया अध्याय शुरू होता है।

सितम्बर 2027 में नरेंद्र मोदी के लिए अहम तिथियाँ

  • मंगल का वृश्चिक में प्रवेश यह तीसरा सौर भाव में पड़ता है, जो संवाद, सीखना और भाई-बहन का क्षेत्र है।
  • बृहस्पति जन्मकालीन शुक्र की युति में युति सबसे शक्तिशाली संपर्क है: यहाँ एक नया अध्याय शुरू होता है।
  • मीन में पूर्णिमा पूर्णिमा मामलों को चरम पर लाती है और उन्हें सामने लाती है। यह सातवाँ सौर भाव में पड़ता है, जो साझेदारी और विवाह का क्षेत्र है। यह जन्मकालीन सूर्य के ठीक सामने पड़ता है (अंतर 0.9°)। यह जन्मकालीन बुध के ठीक सामने पड़ता है (अंतर 1.1°)। यह जन्मकालीन शनि के ठीक सामने पड़ता है (अंतर 0.1°)।
  • तुला में अमावस्या अमावस्या नई शुरुआत के लिए अच्छा समय है। यह दूसरा सौर भाव में पड़ता है, जो धन, संपत्ति और आत्म-मूल्य का क्षेत्र है।

इस महीने नरेंद्र मोदी के लिए ग्रह कहाँ हैं

पुष्ट जन्म समय न होने के कारण भाव सौर भावों के रूप में गिने जाते हैं: सूर्य राशि कन्या पहला भाव है।

  • कन्या में बृहस्पति पहला सौर भाव: स्वयं, शरीर और नई शुरुआत
  • मेष में शनि ℞ आठवाँ सौर भाव: अंतरंगता, साझा धन और परिवर्तन
  • मिथुन में यूरेनस ℞ दसवाँ सौर भाव: करियर, प्रतिष्ठा और सार्वजनिक जीवन
  • मेष में नेप्च्यून ℞ आठवाँ सौर भाव: अंतरंगता, साझा धन और परिवर्तन
  • कुंभ में प्लूटो ℞ छठा सौर भाव: काम, स्वास्थ्य और दिनचर्या
  • वृश्चिक में मंगल तीसरा सौर भाव: संवाद, सीखना और भाई-बहन

फ़ोटो: The White House, Public domain

ज्योतिष भविष्यफल निश्चित घटनाएँ नहीं, बल्कि प्रतीकात्मक विषय बताते हैं, और यहाँ लिखी कोई भी बात किसी के जीवन के बारे में तथ्य का दावा नहीं है। ReYep का नरेंद्र मोदी से कोई संबंध नहीं है; जन्म विवरण कुंडली पेज पर बताए गए सार्वजनिक स्रोतों से लिया गया है।